धार्मिक आरती - Religious Aarti

गोमाता की आरती

Gomata Aarti Religious Aarti

गोमाता की आरती, Gomata Aarti in Hindi, हिन्दू धर्म में गाय को माता माना गया है और सभी हिन्दू गाय माता की पूजा करते है, गोमाता बहुत ही लाभकारी हैं गोमूत्र, गाय का गोबर आदि बहुत उपयोगी होता है। ...Read More

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विश्वकर्मा जी की आरती

Vishvkarma Ji Aarti Religious Aarti

विश्वकर्मा जी की आरती, Vishvkarma Ji Ki Aarti in Hindi, हिन्दू धर्म में विश्वकर्मा को निर्माण एवं सृजन का देवता माना जाता है। मान्यता है कि सोने की लंका का निर्माण उन्होंने ही किया था। विश्वकर्मा हस्तलिपि कलाकार थे। जिन्होंने हमें सभी कलाऔ का ज्ञान दीया। ...Read More

चार धाम की आरती

Chaar Dham Aarti Religious Aarti

चार धाम की आरती, Chaar Dham Aarti in Hindi, हिन्दू धर्म के हिमालय पर्वतों में स्थित पवित्रतम तीर्थ परिपथों में से एक है। यह भारत के उत्तराखण्ड राज्य के गढ़वाल मण्डल में उत्तरकाशी जिले में स्थित है और इस परिपथ के चार धाम हैं: बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री। इनमें से बद्रीनाथ धाम, भारत के चार धामों का भी उत्तरी धाम है। ...Read More

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कालरात्रि माता की आरती

Kalratri Mata Aarti Religious Aarti

कालरात्रि माता की आरती, Kalratri Mata Aarti in Hindi, माँ दुर्गाजी की सातवीं शक्ति कालरात्रि के नाम से जानी जाती हैं। दुर्गापूजा के सातवें दिन माँ कालरात्रि की उपासना का विधान है। इस दिन साधक का मन 'सहस्रार' चक्र में स्थित रहता है। इसके लिए ब्रह्मांड की समस्त सिद्धियों का द्वार खुलने लगता है। देवी कालात्रि को व्यापक रूप से माता देवी - काली, महाकाली, भद्रकाली, भैरवी, मृित्यू, रुद्रानी, चामुंडा, चंडी और दुर्गा के कई विनाशकारी रूपों में से एक माना जाता है। रौद्री और धुमोरना देवी कालात्री के अन्य कम प्रसिद्ध नामों में हैं | ...Read More

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देवी चंद्रघंटा माता की आरती

Maa Chandraghanta Aarti Religious Aarti

देवी चंद्रघंटा माता की आरती, Maa Chandraghanta Ji Ki Aarti in Hindi, माँ दुर्गाजी की तीसरी शक्ति का नाम चंद्रघंटा है। नवरात्रि उपासना में तीसरे दिन की पूजा का अत्यधिक महत्व है और इस दिन इन्हीं के विग्रह का पूजन-आराधन किया जाता है। इस दिन साधक का मन 'मणिपूर' चक्र में प्रविष्ट होता है। माँ चंद्रघंटा की कृपा से अलौकिक वस्तुओं के दर्शन होते हैं, दिव्य सुगंधियों का अनुभव होता है तथा विविध प्रकार की दिव्य ध्वनियाँ सुनाई देती हैं। ये क्षण साधक के लिए अत्यंत सावधान रहने के होते हैं। ...Read More